अब तुम्हें क्या कहूं, तुम तो किसी और की हो गयी
तक़दीर तो तुम उसकी हो, मेरी तो लकीर बन के रह गयी।
Tuesday, October 16, 2018
Sunday, January 14, 2018
पहली मुलाकात
वो हमारी हँसी को
हमारी ख़ुशी समझ बैठे
खुदा की दो पल की रेहमत को
हम ज़िन्दगी भर की खुशनसीबी समझ बैठे
हाँ ये हमारी भूल ही तो थी
जो पहली ही मुलाकात में
हम उन्हें अपना
और अपने आप को उनका कर बैठे...
हमारी ख़ुशी समझ बैठे
खुदा की दो पल की रेहमत को
हम ज़िन्दगी भर की खुशनसीबी समझ बैठे
हाँ ये हमारी भूल ही तो थी
जो पहली ही मुलाकात में
हम उन्हें अपना
और अपने आप को उनका कर बैठे...
Tumhari Kami
Tumhare na hone ka gham to hai mujhe
Lekin tumhari khushi ki khushi bhi hai mujhe
Ye kaisi saja di hai tumne ki dard to hai,
Lekin khushi bhi hai, ki mili hai to tujhse
Lekin tumhari khushi ki khushi bhi hai mujhe
Ye kaisi saja di hai tumne ki dard to hai,
Lekin khushi bhi hai, ki mili hai to tujhse
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